Tuesday, 2 June 2009

पावस गीत

पावस -गीत
धानी रंग छाया -धानी रंग छाया
बरखा आई ;बूंदे लाइ
देखो मन हर्षाया --
धानीरंग छाया |

कागा के नीड़से देखो ;भागी कोयल ;मीठी बोली
चली गाय कीचड़में देखो ;
तुष्ट हो गई बगुला टोली
भँवरा गुनगुनाया
धानी रंग छाया |

हरी वसुधा हरा-हरा जग
गोरी नाचे चुनर पहन
रसिया देखो आनंदित है
शांत हो गई अंग अगन
मनवा झूमा गाया
धानी रंग छाया|

चीड़ देवदार नीम
अम्बुवा सागवान
अमलतास ,महुवा
पीपल भी नहाया
धानी रंग छाया |

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